अपने जीवन के ‘Strait of Hormuz’ को वक्त रहते पहचानिए, और अपनी lifeline को कभी कटने मत दीजिए 🙈

सच बताइए, क्या इस युद्ध से पहले आपने ‘Strait of Hormuz’ का नाम कभी सुना था? नक्शे पर यह महज़ 21 मील का एक मामूली सा समुद्र का टुकड़ा है, जिसे शायद ही कोई गौर से ढूंढ पाता। मैंने भी कभी नहीं सुना था। लेकिन आज? दुनिया की बड़ी-बड़ी महाशक्तियां इसके आगे घुटने टेके बैठी हैं। पूरी दुनिया की धड़कन, उसकी तेल और गैस की सप्लाई, इसी एक संकरे रास्ते पर टिकी है।

यही हमारे जीवन का भी सबसे बड़ा और कड़वा तमाशा है।

हम अक्सर उन चीज़ों, उन आदतों या उन खामोश इंसानों की कद्र तब तक नहीं करते, जब तक वे हमारे लिए ‘अवेलेबल’ होते हैं। हम उन्हें बैकग्राउंड म्यूजिक की तरह समझते हैं—जो बजता रहता है और हमें सुकून देता रहता है, पर हम उसकी तरफ मुड़कर देखते तक नहीं। हम भूल जाते हैं कि जिस पल वो संगीत बंद होगा, पूरी महफ़िल में एक खौफनाक सन्नाटा छा जाएगा।

हकीकत यह है कि हमारी कामयाबी, हमारी मानसिक शांति और हमारी पूरी ‘इकोनॉमी’ अक्सर उन अदृश्य बुनियादों पर टिकी होती है जिन्हें हम ‘Take it for granted’ लेते हैं। हमें लगता है कि हम अपनी ताकत से चल रहे हैं, पर असल में हमारे जीवन का जहाज़ किसी और के त्याग या किसी और की मौजूदगी के सहारे तैर रहा होता है।

इंसान की फितरत बड़ी अजीब है; हम दीवार की अहमियत तब समझते हैं जब छत गिरने लगती है। हम उस 21 मील के रास्ते की कीमत तब पहचानते हैं जब सप्लाई लाइन कट जाती है और अंधेरा घर घेर लेता है।

इससे पहले कि वक्त की कोई बेरहम लहर आपके जीवन की ‘सप्लाई लाइन’ काट दे, रुकिए। अपनी भागदौड़ से एक पल चुराइए और अपने हिस्से के उस ‘Strait of Hormuz’ को पहचानिए। वे लोग, वे एहसास, वे छोटी-छोटी खुशियाँ जो आपकी दुनिया को बिना शोर मचाए चला रही हैं—उन्हें वक्त रहते संभाल लीजिए। उन्हें बता दीजिए कि वे आपके लिए क्या मायने रखते हैं।

क्योंकि जब समंदर का रास्ता बंद हो जाता है, तो किनारे पर बैठकर सिर्फ पछतावा बचता है, समाधान नहीं। याद रखिए, कुछ लोगों और कुछ चीज़ों का कोई ‘Alternative’ नहीं होता।
आज खुद से एक सवाल पूछिए—अगर आज आपकी ज़िंदगी का वो ‘संखरा रास्ता’ बंद हो जाए, तो क्या आपके पास रोशनी का कोई और ज़रिया बचेगा? संभाल लीजिए, इससे पहले कि बहुत देर हो जाए।

आज खुद से एक सवाल पूछिए—अगर आज आपकी ज़िंदगी का वो ‘संखरा रास्ता’ बंद हो जाए, तो क्या आपके पास रोशनी का कोई और ज़रिया बचेगा? संभाल लीजिए, इससे पहले कि बहुत देर हो जाए।

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